बजट 2022: जानिए आम जन से लेकर कॉरपोरेट तक किसको क्या मिला, पढ़े पूरी खबर

नई दिल्ली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2022-23 का आम बजट संसद में पेश कर दिया। सीतारमण ने मंगलवार को लोकसभा में आम बजट को डिजिटल फॉर्म में पेश करते हुये नौकरी, घर, किसान, रक्षा, व्यापार और क्रिप्टो सहित कई क्षेत्रों के लिये बड़े ऐलान किये। उन्होंने इस बजट को अगले 25 साल का ‘ब्लू-प्रिंट’ बताया है, जिसमें 60 लाख लोगों को नौकरी देने की भी घोषणा की।

वित्त वर्ष 2022-23 के आम बजट में सबसे ज्यादा इंतजार आयकर में बदलाव का था, लेकिन मध्यम वर्ग को वित्त मंत्री सीतारमण के इस बजट से निराशा ही हाथ लगी है। आयकर स्लैब में इस वर्ष भी कोई बदलाव नहीं किया गया है। वित्त मंत्री ने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) इस वित्त वर्ष में डिजिटल करेंसी को लॉन्च करेगा, जिस पर होने वाली कमाई पर 30 फीसदी का कर लगेगा।

निर्मला सीतारमण ने साल 2019 में वित्त मंत्री का पद संभालने के बाद लगातार चौथी बार बजट पेश कर रही थीं। सीतारमण के बजट भाषण के दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने मुस्कुराते हुए कहा कि वित्त मंत्री जी डिजिटल बजट पढ़ रही हैं।

वित्त मंत्री ने कहा कि वित्त वर्ष 2022-23 के आम बजट में 7.5 लाख करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय का प्रावधान किया गया है, यह व्यय जीडीपी का 2.9 फीसदी होगा। इसके साथ ही कटे एवं पॉलिश हीरे और रत्नों पर कस्टम ड्यूटी को घटाकर 5 फीसदी करने की घोषणा भी की। सीतारमण ने कहा कि वर्चुअल डिजिटल एसेट के ट्रांसफर से होने वाली किसी भी आय पर 30 फीसदी की दर से टैक्स लगेगा।

बजट पेश करते हुये निर्मला सीतारमण ने आगे कहा कि एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (एवीजीसी) सेक्टर में युवाओं को रोजगार देने की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि सभी हितधारकों के साथ एक एवीजीसी प्रमोशन टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा, जो हमारे बाजार और वैश्विक मांग के लिये घरेलू क्षमता का निर्माण करेगी। इसके साथ ही ब्लॉकचेन और अन्य तकनीकों का इस्तेमाल कर डिजिटल करेंसी शुरू की जाएगी, जिसे आरबीआई वित्त वर्ष 2022-23 में जारी करेगा।

वित्त मंत्री ने वित्त वर्ष 2022-23 के बजट में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पीएम आवास योजना के तहत 80 लाख घरों के निर्माण को पूरा करने के लिये 48,000 करोड़ रुपये आवंटित किये जाने का ऐलान किया। इसके साथ ही आम बजट 2022-23 के लिये 7.5 लाख करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय का भी प्रावधान किया गया है। वित्त वर्ष 2022-23 के बजट में यह व्यय सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 2.9 फीसदी होगा। इसके साथ ही सहकारिता उपकर 12 फीसदी से घटाकर 7 फीसदी किया जायेगा।

सीतारमण ने बजट पेश करते हुये कहा कि साल 2030 तक सौर क्षमता के 280 गीगावाट लक्ष्य के लिए 19,500 करोड़ रुपए का अतिरिक्त आवंटन किया जाएगा। राज्य सरकार के कर्मचारियों के सामाजिक सुरक्षा लाभों में मदद करने और उन्हें केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बराबर लाने के लिये केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों की कर कटौती की सीमा 10 फीसदी से बढ़ाकर 14 फीसदी की जाएगी।

बजट पेश करते हुये वित्त मंत्री ने कहा कि गंगा नदी के किनारे पांच किमी चौड़े गलियारों में किसानों की जमीन पर फोकस के साथ पूरे देश में रासायनिक मुक्त प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पीएम ई-विद्या के ‘वन क्लास, वन टीवी चैनल’ कार्यक्रम को 12 से 200 टीवी चैनलों तक बढ़ाया जाएगा। यह सभी राज्यों को कक्षा एक से 12वीं कक्षा तक के लिए क्षेत्रीय भाषाओं में सप्लीमेंट्री शिक्षा प्रदान करने में सक्षम बनाएगा।

उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने लाभ प्रदान करने के लिए महिला और बाल विकास मंत्रालय की मिशन शक्ति, मिशन वात्सल्य, सक्षम आंगनवाड़ी और पोषण 2.0 जैसी योजनाओं को व्यापक तरीके से नया रूप दिया है। इसके साथ ही नागरिकों की सुविधा बढ़ाने के लिए वित्त वर्ष 2022-23 में ई-पासपोर्ट जारी किया जाएगा। आपातकालीन क्रेडिट लाइन गारंटी योजना (ईसीएलजीएस) को मार्च 2023 तक बढ़ाया जाएगा, जबकि गारंटी कवर को 50,000 करोड़ रुपये से बढ़ाकर कुल 5 लाख करोड़ रुपये तक किया जाएगा।

वित्त मंत्री कहा कि वित्त वर्ष 2022-23 के बजट में 60 किलोमीटर लंबे 8 रोपवे प्रोजेक्ट के लिए कांट्रैक्ट भी दिए जाएंगे। सीतारमण ने कहा कि फसल का मूल्यांकन करने, भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, कीटनाशकों और पोषक तत्वों के छिड़काव के लिये किसान ड्रोन के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि भुगतान में देरी को कम करने के लिये एक ऑनलाइन बिल प्रणाली शुरू की जाएगी और इसका उपयोग सभी केंद्रीय मंत्रालय करेंगे।

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए अगले तीन सालों के दौरान बेहतर दक्षता वाली 400 नई जेनरेशन की वंदे भारत ट्रेनें लाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि मेट्रो सिस्टम के निर्माण के लिए नये मानक तय किये जाएंगे।

सीतारमण ने लोकसभा में आम बजट को डिजिटल फॉर्म में पेश करते हुए कहा कि ये बजट अमृत काल के अगले 25 वर्षों का ब्लू प्रिंट है। सीतारमण ने मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल चौथी बार आम बजट पेश किया है।

बजट पेश करते हुए सीतारमण ने कहा कि गंगा नदी के किनारे 5 किमी चौड़े गलियारों में किसानों की जमीन पर फोकस के साथ पूरे देश में रासायनिक मुक्त प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि पीएम ई-विद्या के ‘वन क्लास, वन टीवी चैनल’ कार्यक्रम को 12 से 200 टीवी चैनलों तक बढ़ाया जाएगा। यह सभी राज्यों को कक्षा एक से 12वीं कक्षा तक के लिए क्षेत्रीय भाषाओं में सप्लीमेंट्री शिक्षा प्रदान करने में सक्षम बनाएगा।

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